बागपत,31 जुलाई 2026 (यूटीएन)। जनपद में अपराध एवं अवैध हथियारों की तस्करी पर अंकुश लगाने के लिए चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत थाना सिंघावली अहीर पुलिस और स्वाट टीम बागपत की संयुक्त कार्रवाई में एक अभियुक्त को गिरफ्तार किया गया है। पुलिस ने उसके कब्जे से तीन अवैध पिस्टल, तीन अवैध तमंचे और एक स्विफ्ट कार बरामद की है। इतनी बड़ी संख्या में हथियारों की बरामदगी के बाद पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि आरोपी इन हथियारों को कहां से लाया था और इन्हें किसे सप्लाई किया जाना था।
पुलिस अधीक्षक के निर्देशन में जनपदभर में अपराधियों, अवैध हथियार तस्करों एवं वांछित अभियुक्तों की धरपकड़ के लिए विशेष अभियान चलाया जा रहा है। इसी अभियान के क्रम में थाना सिंघावली अहीर पुलिस और स्वाट टीम संयुक्त रूप से संदिग्ध व्यक्तियों एवं वाहनों की चेकिंग कर रही थी। इसी दौरान पुलिस को एक संदिग्ध कार दिखाई दी, जिसे रोककर तलाशी ली गई।
तलाशी के दौरान पुलिस को कार से तीन अवैध पिस्टल 32 बोर, दो अवैध तमंचे 12 बोर, एक अवैध तमंचा 315 बोर तथा एक स्विफ्ट कार (पंजीकरण संख्या डीएल-12-सीआर-8942) बरामद हुई। बरामदगी के बाद पुलिस ने मौके पर ही आरोपी को गिरफ्तार कर लिया।
गिरफ्तार आरोपी की पहचान इस्तखार पुत्र अरशद (24 वर्ष) निवासी ग्राम लधवाड़ी, थाना सिंघावली अहीर, जनपद बागपत के रूप में हुई है। कार्रवाई थाना प्रभारी सूर्य दीप सिंह के नेतृत्व में की गई।
पुलिस अब आरोपी से गहन पूछताछ कर रही है। प्रारंभिक जांच में यह पता लगाने का प्रयास किया जा रहा है कि आरोपी का संबंध किसी हथियार तस्कर गिरोह से तो नहीं है। साथ ही यह भी जांच की जा रही है कि बरामद हथियार कहां तैयार किए गए, उन्हें किस माध्यम से लाया गया और उनका उपयोग किन आपराधिक गतिविधियों में किया जाना था।
जांच एजेंसियां आरोपी के आपराधिक इतिहास को भी खंगाल रही हैं। यदि उसके विरुद्ध पहले से कोई मुकदमे दर्ज हैं या अन्य जनपदों में उसकी संलिप्तता सामने आती है, तो उसके आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। पुलिस यह भी पता लगा रही है कि आरोपी के अन्य साथी कौन हैं और वे वर्तमान में कहां छिपे हुए हैं।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि अवैध हथियारों की तस्करी और आपराधिक गतिविधियों में शामिल लोगों के खिलाफ अभियान लगातार जारी रहेगा। ऐसे अपराधियों की पहचान कर उनके विरुद्ध कठोर कानूनी कार्रवाई की जाएगी, ताकि जनपद में कानून-व्यवस्था बनी रहे और संगठित अपराध पर प्रभावी अंकुश लगाया जा सके।
बरामद हथियारों को पुलिस ने कब्जे में लेकर फोरेंसिक जांच की प्रक्रिया शुरू कर दी है। जांच के दौरान यह भी देखा जाएगा कि कहीं इन हथियारों का इस्तेमाल पूर्व में किसी आपराधिक घटना में तो नहीं हुआ है। आवश्यकता पड़ने पर बैलिस्टिक परीक्षण भी कराया जाएगा।
पुलिस का कहना है कि आरोपी से पूछताछ के आधार पर यदि किसी अन्य व्यक्ति या गिरोह की संलिप्तता सामने आती है तो उनके विरुद्ध भी सख्त कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल आरोपी के खिलाफ संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर अग्रिम विधिक कार्रवाई की जा रही है।
वरिष्ठ उप-संपादक,( डॉ योगेश कौशिक )।

