मथुरा, 10 मई 2026 (यूटीएन)। प्रीपेड कनेक्शन को पोस्टपेड करने के आदेश शासन ने जारी कर दिए हैं। मथुरा में वर्ष 2024 से स्मार्ट मीटर लगने शुरू हुए। वर्ष 2025 में इस कार्य में गति आई। अभियान के दौरान डेढ़ लाख से अधिक पुराने मीटरों को हटाकर स्मार्ट मीटर उपभोक्ताओं के घरों एवं प्रतिष्ठानों पर लगा दिए गए। कुछ माह पूर्व स्मार्ट मीटरों को प्रीपेड में बदल दिया गया। जो नये कनेक्शन लगे, उन्हें प्रीपेड ही लगाया गया। जिन उपभोक्ताओं के प्रीपेड मीटर कर दिये गये, उन्हें इसका पता तब लगा जब उनकी बिजली कटनी शुरू हुई। बिजली कटने के बाद उसे फिर से चालू कराने में उपभोक्ताओं को परेशान होना पड़ा। इसे लेकर लोगों में आक्रोश पैदा होने लगा।
हालात यह हो गये कि आंदोलन शुरू हो गये। दिन धरना-प्रदर्शन होने शुरू हो गए। मीटर उखाड़ कर बिजलीघर पर फेंके जाने लगे। यह आंदोलन प्रदेश के कई जनपदों में चला तो शासन ने इसको गंभीरता से लिया। डेढ़ लाख से अधिक प्रीपेड मीटर पोस्टपेड हो गये हैं। यानि उपभोक्ताओं को एडवांस में पैसा जमा करने की जरूरत नहीं होगी, बल्कि उनको अगले माह खपत के अनुसार पुरानी व्यवस्था के अनुसार बिल मिलेगा। प्रदेश सरकार ने प्रीपेड मीटर को लेकर उपभोक्ताओं में आक्रोश एवं लगातार हो रहे आंदोलन को देखते हुए यह निर्णय लिया है। पिछले दिनों निर्णय लिया कि प्रीपेड कनेक्शनों को पोस्टपेड किया जा रहा है।
ऊर्जा मंत्री एके शर्मा ने गत दिनों इसकी घोषणा कर दी। निर्णय लिया है कि सभी प्रीपेड मीटर अब पोस्ट पेड मीटर की तरह ही काम करेंगे। अर्थात प्री-पेड नाम की व्यवस्था समाप्त की जा रही है। उप्र पावर कारपोरेशन के प्रबंध निदेशक नीतीश कुमार आईएएस ने इस संबंध में आदेश जारी किए है।
मथुरा- ब्यूरो चीफ, (समीर सेन)।

