खेकड़ा,07 जुलाई 2026 (यूटीएन)। उद्योग व्यापार प्रतिनिधि मंडल उत्तर प्रदेश की खेकड़ा इकाई ने बढ़ती महंगाई को लेकर भारत की राष्ट्रपति के नाम जिलाधिकारी के माध्यम से ज्ञापन भेजा है। ज्ञापन में पेट्रोल डीजल, घरेलू एवं वाणिज्यिक एलपीजी गैस की कीमतों में कमी करने, उत्तर प्रदेश में बिजली के बिलों पर लगाए गए दस प्रतिशत ईंधन अधिभार को वापस लेने और बढ़ती महंगाई पर प्रभावी नियंत्रण के लिए केंद्र एवं राज्य सरकार से ठोस कदम उठाने की मांग की गई है।
उद्योग व्यापार प्रतिनिधि मंडल उत्तर प्रदेश के प्रदेश संगठन मंत्री अंकुश जैन का कहना है कि, लगातार बढ़ रही महंगाई के कारण व्यापारियों, लघु कुटीर उद्योगों के साथ ही आम उपभोक्ताओं पर आर्थिक बोझ बढ़ता जा रहा है। पेट्रोल-डीजल, गैस और बिजली की बढ़ी हुई कीमतों से परिवहन लागत में लगातार वृद्धि हो रही है, जिससे आवश्यक वस्तुओं के दाम भी बढ़ रहे हैं। इसका सीधा असर, व्यापार और आम आदमी के मासिक बजट पर पड़ रहा है।
ज्ञापन में प्रमुख रूप से पेट्रोल-डीजल की कीमतों में तत्काल कमी, घरेलू एलपीजी गैस पर पर्याप्त सब्सिडी बहाल करने, वाणिज्यिक गैस सिलेंडरों के दाम कम करने, बिजली बिलों पर लगाए गए दस प्रतिशत ईंधन अधिभार को समाप्त करने और परिवहन लागत कम करने के लिए प्रभावी कदम उठाने की मांग की गई है। वहीं वक्ताओं ने कहा कि, बढ़ती महंगाई का सबसे अधिक प्रभाव मध्यम वर्ग, निम्न आय वर्ग, छोटे व्यापारियों, लघु उद्योगों एवं आम उपभोक्ताओं पर पड़ रहा है। यदि समय रहते प्रभावी कदम नहीं उठाए गए तो व्यापार, रोजगार और जनजीवन पर इसका प्रतिकूल प्रभाव और अधिक बढ़ सकता है। व्यापार मंडल ने राष्ट्रपति से जनहित को ध्यान में रखते हुए केंद्र एवं राज्य सरकार को आवश्यक निर्देश जारी कर महंगाई पर नियंत्रण तथा व्यापार जगत एवं आम जनता को राहत दिलाने की मांग की है। इनमें गोपाल वर्मा, जितेश जैन, अमित गुप्ता, प्रेमचंद जैन आदि व्यापारी नेता शामिल रहे।
वरिष्ठ उप-संपादक,( डॉ योगेश कौशिक )।

