दोघट, 21 जुलाई 2025 (यूटीएन)। श्रावण मास में भोले की कांवड़ यात्रा धार्मिक ही नहींं देशभक्ति का जज्बा भी लोगों में खूब दिखाई दे रहा है, जिसमें आम नागरिक ही नहीं पुलिस भी नमन वंदन करते हुए स्वयं को धन्य मान रहे हैं।इस बार देशभक्ति के रंग में हरिद्वार से 511 फीट लंबी तिरंगा कांवड़ लेकर मुजफ्फरनगर से निकले उमरपुर गांव निवासी 43 युवकों की टोली ने बोल बम व शिव भक्ति से संबद्ध नारों के साथ ही देश के शहीद जवानों को समर्पित एक नई मिसाल कायम की है।
बता दें कि, उनकी इस अनूठी यात्रा की शुरुआत सन् 2017 में हुई थी, जब उरी हमले में शहीद हुए 18 जवानों की याद में पहली तिरंगा कांवड़ लाने का संकल्प लिया गया था। टीम लीडर मुकेश कुमार के अनुसार, 2017 में हमने 321 फीट की कांवड़ से शुरुआत की थी। फिर 2018 में 375 फीट और अब 2025 में 511 फीट लंबी तिरंगा कांवड़ के साथ हम भोलेनाथ की शरण में पुरेश्वर महादेव मंदिर तक जा रहे हैं।
उनकी यह कांवड़ यात्रा जब दाहा गांव पहुंची, तो वंदे मातरम और जय भोलेनाथ के जयकारों से पूरा वातावरण गुंजायमान हो उठा। युवाओं का यह प्रयास देशभक्ति व शिवभक्ति के समन्वय का अनूठा उदाहरण बन गया ।
इस दौरान स्थानीय लोगों ने जहां फूल बरसाकर और ढोल-नगाड़ों के साथ कांवड़ यात्रा का भव्य स्वागत किया, वहीं एसडीएम मनीष कुमार यादव और सीओ विजय कुमार सहित अन्य अधिकारियों ने भी कांवड पर पुष्प वर्षा कर श्रद्धालुओं का अभिनंदन व उत्साहवर्धन भी किया।
आयोजकों की ओर से बताया गया कि,उनकी यह विशेष कांवड़ यात्रा 23 जुलाई को परशुरामेश्वर महादेव मंदिर में जलाभिषेक के साथ संपन्न होगी। इस अभिनव प्रयास ने न केवल धार्मिक भावना को नया रूप दिया है वहीं तिरंगे के माध्यम से सौहार्द और साहचर्य को भी भक्ति रस से सिंचित किया है।
स्टेट ब्यूरो,( डॉ योगेश कौशिक ) |