नई दिल्ली, 21 जुलाई 2025 (यूटीएन)। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने संसद के मॉनसून सत्र की शुरुआत पर देशवासियों का गर्मजोशी से स्वागत किया है. उन्होंने अपने संबोधन की शुरुआत में कहा कि मॉनसून सत्र देश के लिए विकास, नीति निर्माण और जनकल्याण के कार्यों को आगे बढ़ाने का अवसर है. राजनीतिक असहमति के बावजूद राष्ट्रहित में एकता की आवश्यकता पर जोर देते हुए प्रधानमंत्री ने कहा, दल हित में मत भले न मिले, लेकिन देशहित में मन जरूर मिले. देश ने एकता की ताकत देखी है, अब सदन में भी सभी माननीय सांसद उसे आगे बढ़ाएं.
पीएम मोदी ने कहा, “मॉनसून नवीनता और नवसर्जन का प्रतीक है. यह समय देश के लिए नई ऊर्जा, नई प्रेरणा और नई नीतियों को जन्म देने का है. अब तक जो खबरें मिली हैं, उसके अनुसार देश में मॉनसून अच्छी तरह से आगे बढ़ रहा है, जो कि कृषि क्षेत्र और किसानों के लिए शुभ संकेत है. पीएम मोदी ने कहा, “बारिश किसानों, गांवों और हर परिवार की अर्थव्यवस्था में अहम होती है. पिछले 10 वर्षों में इस बार तीन गुना अधिक जल भंडारण हुआ है, जिसका आने वाले समय में देश की अर्थव्यवस्था को बड़ा लाभ मिलेगा.
*मॉनसून सत्र के लिए पीएम की अपील*
प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि यह मॉनसून सत्र एक स्वर में गौरव गान का अवसर होना चाहिए. उन्होंने कहा, “हर सांसद, हर दल इस सत्र में देश की उपलब्धियों का गुणगान करेगा. इससे देश की जनता को प्रेरणा मिलेगी और विश्व में भारत की ताकत का संदेश जाएगा. संसद के मॉनसून सत्र की शुरुआत पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने देश की एकता, सैन्य ताकत और लोकतंत्र की मजबूती की सराहना करते हुए सांसदों और राजनीतिक दलों से देशहित में एकजुट होकर काम करने की अपील की. उन्होंने कहा कि विश्व ने अब भारत की बात सुननी शुरू कर दी है, और यह उपलब्धि देश की राजनीतिक एकता और लोकतांत्रिक शक्ति का प्रमाण है.
प्रधानमंत्री ने कहा, “विश्व ने भारत की बात को स्वीकार करने की दिशा में अपने मन के द्वार खोले हैं. इसके लिए हमारे सांसदगण और सभी राजनीतिक दल सराहना के पात्र हैं.
*डिफेंस सेक्टर में आत्मनिर्भरता पर जोर*
प्रधानमंत्री ने रक्षा क्षेत्र में आत्मनिर्भरता की दिशा में मिलकर काम करने की अपील करते हुए कहा, “मुझे विश्वास है कि हम सब मिलकर डिफेंस क्षेत्र में आत्मनिर्भर होने के प्रयासों को बल देंगे और सेना के सामर्थ्य की खुलकर सराहना करेंगे.
*मानसून नवाचार और नव सृजन का प्रतीक*
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा, ‘मानसून नवाचार और नव सृजन का प्रतीक है। अब तक मिली खबरों के अनुसार, देश में यह मौसम बहुत अच्छा चल रहा है। कृषि के लिए लाभकारी मौसम की खबरें आ रही हैं। बारिश किसानों की अर्थव्यवस्था, देश की अर्थव्यवस्था, ग्रामीण अर्थव्यवस्था और हर परिवार की अर्थव्यवस्था के लिए बहुत अहम है। पिछले 10 वर्ष के मुकाबले इस बार का पानी भंडार तीन गुना बढ़ा है।
अंतरराष्ट्रीय अंतरिक्ष स्टेशन पर भारत का झंडा फहराया जाना प्रत्येक भारतीय के लिए गौरव का क्षण
उन्होंने कहा, ‘संसद का यह मानसून सत्र विजय उत्सव जैसा है। अंतरराष्ट्रीय अंतरिक्ष स्टेशन पर भारत का झंडा फहराया जाना प्रत्येक भारतीय के लिए गौरव का क्षण है। सभी सांसद और देशवासी एक स्वर में इस उपलब्धि का गुणगान करेंगे। यह हमारे भविष्य के अभियानों के लिए प्रेरणादायी होगा।
*आतंकवादियों के आकाओं के घरों को 22 मिनट के भीतर जमींदोज कर दिया*
प्रधानमंत्री मोदी ने कहा, ‘यह मानसून सत्र विजय उत्सव है। पूरी दुनिया ने भारत की सैन्य शक्ति का पराक्रम देखा है। ‘ऑपरेशन सिंदूर’ में भारतीय सेना द्वारा निर्धारित लक्ष्य को शत-प्रतिशत प्राप्त किया गया। ऑपरेशन सिंदूर के तहत आतंकवादियों के आकाओं के घरों को 22 मिनट के भीतर जमींदोज कर दिया गया। दुनिया मेड इन इंडिया सैन्य शक्ति के इस नए रूप की ओर बहुत आकर्षित हुई है। इन दिनों जब भी मैं दुनिया के लोगों से मिला हूं, भारत की ओर से बनाए जा रहे मेड इन इंडिया हथियारों के प्रति दुनिया का आकर्षण बढ़ रहा है।
*तीसरी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था बनने की दिशा में तेजी से आगे बढ़ रहे*
उन्होंने कहा, ‘आर्थिक क्षेत्र में जब आप सभी ने 2014 में हमें जिम्मेदारी दी थी, तब देश ‘नाजुक पांच’ के दौर से गुजर रहा था। 2014 से पहले हम वैश्विक अर्थव्यवस्था में 10वें नंबर पर थे। आज भारत दुनिया की तीसरी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था बनने की दिशा में तेजी से आगे बढ़ रहा है।
*भारतीय संविधान नक्सलवाद के विरुद्ध विजयी हो रहा*
पीएम मोदी ने कहा, ‘आज हमारे सुरक्षा बल एक नए आत्मविश्वास और नक्सलवाद को समाप्त करने के संकल्प के साथ आगे बढ़ रहे हैं। आज कई जिले नक्सलवाद से मुक्त हैं। हमें गर्व है कि भारतीय संविधान नक्सलवाद के विरुद्ध विजयी हो रहा है। ‘लाल गलियारे’ ‘हरित विकास क्षेत्रों’ में बदल रहे हैं।
*25 करोड़ गरीब लोग गरीबी से बाहर आ गए*
पीएम मोदी ने कहा, ‘2014 से पहले देश में एक समय ऐसा था, जब मुद्रास्फीति की दर दोहरे अंकों में थी। आज यह दर घटकर लगभग दो प्रतिशत रह जाने से देश के सामान्य लोगों के जीवन में राहत और सुविधा आई है। 25 करोड़ गरीब लोग गरीबी से बाहर आ गए हैं, जिसकी सराहना दुनिया की कई संस्थाएं कर रही हैं।
*दलगत लोभ को परे रखकर देशहित में पाकिस्तान को बेनकाब किया*
प्रधानमंत्री मोदी ने कहा, ‘पहलगाम में हुए क्रूर अत्याचार और नरसंहार ने पूरे विश्व को झकझोर कर रख दिया है। दलगत लोभ को परे रखकर, देशहित में, हमारे अधिकांश दलों के प्रतिनिधियों ने दुनिया के अनेक देशों में जाकर एक सुर में पाकिस्तान को बेनकाब किया। उन्होंने दुनिया के सामने पाकिस्तान का पर्दाफाश करने का एक बहुत ही सफल अभियान चलाया। मैं उन सभी सांसदों की, सभी दलों की राष्ट्रहित में किए गए इस महत्वपूर्ण कार्य के लिए सराहना करना चाहता हूं और इससे देश में एक सकारात्मक माहौल बना है।
*विधेयकों पर होगी व्यापक चर्चा*
सत्र के दौरान आने वाले विधेयकों को लेकर प्रधानमंत्री ने उम्मीद जताई कि संसद में सकारात्मक बहस होगी और विधेयकों को पारित किया जाएगा. उन्होंने कहा, “अनेक विधेयक प्रस्तावित हैं. सदन में विस्तृत चर्चा करके उन्हें पारित किया जाएगा. उत्तम डिबेट के लिए सभी सांसदों को शुभकामनाएं देता हूं. संसद के मानसून सत्र के पूरी तरह हंगामेदार रहने के आसार हैं। विपक्ष पहलगाम हमले, ऑपरेशन सिंदूर, अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के मध्यस्थता के दावों, बिहार में मतदाता सूची के गहन पुनरीक्षण, मणिपुर, चीन जैसे विषयों पर सरकार को घेरने के लिए पूरी तरह तैयार है।
विशेष- संवाददाता, (प्रदीप जैन)।